Data Structure :: Basic Concepts of Stack


STACK

स्टैक एक  नॉन प्रिमिटिव डाटा स्ट्रक्चर  है ,इसमें डाटा को एक ही एन्ड से इन्सर्ट कर सकते है | जिस कारण इसे टॉप ऑफ़ स्टैक V कहते है , जो V डाटा लास्ट मे इन्सर्ट होगा उसे हम पहले बाहर निकाल सकते है | इसे हम {LIFO} वी भी कहते है |

उदहारण के लिए :- आप अगर किसी शादी मे जाते है तो आप वो प्लेट उठाएंगे जो प्लेट लास्ट मे रखी गयी थी | कि वह प्लेट जो कि पहले रखी गयी थी, कहना का मतलब ये है कि स्टैक भी इसी तरह काम करता है |
एक और उदहारण से  समझते है :- स्कूल मे स्टूडेंट्स अपनी होम वर्क कॉपी सबमिट करते है जो कॉपी लास्ट मे सबमिट करता है  वो पहले पीटता है | क्युकी उसकी कॉपी टॉप मे जाती है और ठीक ऐसे ही स्टैक डाटा को एक कि तरफ से डाटा को इन्सर्ट और डिलीट करता है |

STATIC IMPLEMENTATON

स्टैटिक इम्प्लीमेंटेशन

यह  स्टैक को बनाने (create) मे array  का  उपयोग करता है | स्टैटिक इम्प्लीमेंटेशन एक बहुत हि सिम्पल तकनीक है लेकिन वो फ्लेक्सिबल नहीं है | अगर प्रोग्राम डिज़ाइन के दौरान स्टैक को साइज डिक्लेअर कर दिया जाये तो फिर हम उसे बदल नहीं सकते है | स्टैटिक इम्प्लीमेंटेशन एफ्फिसिएंट नहीं है,अगर हम उसे मेमोरी यूटिलाइजेशन कि तरफ से देखे तो ऑपरेशन स्टार्ट  (प्रोग्राम डिज़ाइन ) होने से पहले हि ऐरे को डिक्लेअर कर दिया जाता है |

उदहारण :- आपने अपने घर मे एक छोटी सी पार्टी Organize कि है उसमे आपने बहुत सारी डिशेस (भोजन) थोड़ी थोड़ी बनाई है, लेकिन बहुत सारे लोग जाते है | अब आप उस टाइम कुछ V नया (prepare)बना नहीं कर सकते है सिर्फ उन्हें नेक्स्ट पार्टी मे invite  करने के अलावा, अब अगर मैं ऐसा कहु  कि आपने प्रोग्राम बना लिया है उसे रन व् कर लिया है लेकिन अब आपको और  मेमोरी कि जरूरत है | जिसमे आप नई प्रोग्राम बनाने के अलावा कुछ V नहीं कर सकते है |


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